झारखंड
एचईसी के अधिकारियों पर बिना टेंडर के कार्य आवंटन का आरोप
रांची स्थित भारी इंजीनियरिंग निगम (एचईसी) के दो पूर्व निदेशकों और वर्तमान में कार्यरत दो अधिकारियों पर बिना टेंडर के कार्य आवंटित करने का आरोप लगा है। केंद्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) ने इन अधिकारियों को दोषी पाया है और भारी उद्योग मंत्रालय को पत्र लिखकर उनके खिलाफ कार्रवाई करने की सिफारिश की है।
आरोपित अधिकारी:
- पूर्व कार्मिक निदेशक: एम.के. सक्सेना
- पूर्व निदेशक उत्पादन: डॉ. राणा एस. चक्रवर्ती
- वर्तमान सीनियर डीजीएम: कौशिक दास
- वर्तमान सीनियर डीजीएम: टी.यू.के. सिंह
इन अधिकारियों पर आरोप है कि उन्होंने तिरुपति औद्योगिक सहयोग समिति लिमिटेड को बिना टेंडर के कार्य आवंटित किया, जो सरकारी प्रक्रियाओं और पारदर्शिता के खिलाफ है। भारी उद्योग मंत्रालय ने एचईसी प्रबंधन को निर्देश दिया है कि वे सीवीसी की गाइडलाइन्स के अनुसार दोषी पाए गए अधिकारियों पर उचित कार्रवाई करें।